छतरपुर। जिले की सेवा सहकारी समिति निवारी में गेहूं खरीदी व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। भंडारण के लिए वेयरहाउस में जगह न होने और परिवहन के अभाव में हजारों क्विंटल गेहूं खुले आसमान के नीचे पड़ा है, जिससे अनाज के खराब होने का खतरा बढ़ गया है। किसानों का आरोप है कि उचित प्रबंध न होने से उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है, वहीं समिति प्रबंधकों का कहना है कि प्रशासन को अवगत कराने के बाद भी अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला है।
निवारी खरीदी केंद्र पर अव्यवस्थाओं का आलम यह है कि वेयरहाउस पूरी तरह भर चुका है और परिवहन के लिए वाहन उपलब्ध नहीं हैं। किसानों के अनुसार करीब 7000 क्विंटल गेहूं टीन शेड और खुले मैदान में रखा है। ग्राम मोरवा के केंद्र को सटई रोड शिफ्ट करने से भी किसानों की परेशानी बढ़ गई है। स्लॉट बुकिंग के बाद भी तुलाई न होने से किसान परेशान हैं, वहीं कई किसानों ने बोरियों में अधिक तौल किए जाने के गंभीर आरोप लगाए हैं। किसानों ने बताया कि वे पहले से ही कर्ज में डूबे हैं और कई घरों में शादियां हैं, लेकिन समय पर अनाज न बिकने और खातों में पैसा न पहुंचने से वे बैंकों के चक्कर काट रहे हैं। यदि कल से खरीदी बंद होती है, तो किसान बिचौलियों को कम दाम में फसल बेचने पर मजबूर होंगे। किसानों ने कलेक्टर से तत्काल परिवहन व्यवस्था सुधारने की मांग की है ताकि समर्थन मूल्य का लाभ मिल सके।









