नौगांव। नगर के आर्मी स्टेशन मुख्यालय में स्वच्छता ही सेवा 2025 अभियान के तहत सेना के जवानों को कचरा प्रबंधन पर विशेष प्रशिक्षण दिया गया। कर्नल विक्रम पनेरी के नेतृत्व में आयोजित कार्यक्रम में विशेषज्ञों ने सूखे-गीले कचरे का अलग-अलग प्रबंधन, होम कम्पोस्टिंग और शून्य अपशिष्ट अवधारणा पर व्याख्यान दिया। अभियान का उद्देश्य छावनी क्षेत्र को स्वच्छ बनाने और सिंगल यूज प्लास्टिक को हतोत्साहित करना है।
स्वच्छता प्रशिक्षण के मुख्य प्रशिक्षक पूर्व मुख्य चिकित्सा अधिकारी और स्वच्छता विशेषज्ञ डीडी तिवारी ने स्वच्छता ही सेवा पखवाड़े पर प्रकाश डालते हुए व्यक्ति, घर, मोहल्ला और छावनी स्तर की स्वच्छता पर व्याख्यान दिया। उन्होंने सूखे-गीले कचरे के लिए अलग डस्टबिन, होम कम्पोस्टिंग, डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण, परिवहन, प्रसंस्करण, तरल-ठोस अपशिष्ट, सिंगल यूज प्लास्टिक और रिड्यूस-रीयूज-रिसाइकल के थ्री आर सिद्धांत पर उदाहरण दिए। तिवारी ने शून्य अपशिष्ट अवधारणा, स्वच्छता सर्वेक्षण में 7-स्टार रैंक और स्वच्छ छावनी बनाने पर विस्तार से बताया। उन्होंने 125 माइक्रोन से कम मोटाई वाली पॉलीथीन न इस्तेमाल करने और कपड़े के थैले ले जाने की सलाह दी। अतिरिक्त प्रवक्ता डॉ. एल.एन. रावत ने आंतरिक स्वच्छता और योग पर जानकारी दी। स्वच्छता चैंपियन हृदयेश रावत ने अपशिष्ट से बटरफ्लाई पार्क बनाने और सौंदर्यीकरण पर बताया। कर्नल विक्रम पनेरी ने कहा कि अभियान का लक्ष्य जवानों और परिवारों को स्वच्छता की बारीकियां समझाना, सिंगल यूज प्लास्टिक हतोत्साहित करना और पर्यावरण अनुकूल आदतें अपनाना है। उन्होंने छावनी में कचरा प्रबंधन के लिए अलग समय देने का अनुरोध किया। सूबेदार मेजर अशोक कुमार ने संचालन किया और आभार व्यक्त किया।









