तालाब के फुटपाथ पर अंधेरे में खजुराहो। विश्व पर्यटन नगरी खजुराहो में भारतीय पुरातत्व विभाग के अधीन साइलेंट जोन के अंदर स्थित प्राचीन चंदेलकालीन शिवसागर तालाब के घाट और फुटपाथ पर लगी लाइटें बंद ही रहती हैं। गौरतलब है कि खजुराहो में देशी विदेशी पर्यटकों की सुविधाओं और पुरातत्व संपदा की सुंदरता के लिए लाइटें लगाई गई हैं। इसी कड़ी में भारतीय पुरातत्व विभाग के अधीन प्राचीन शिव सागर तालाब के अंदर लाइटिंग वाला फाउंटेन तथा घाटों पर लाइट के साथ तालाब के किनारे बने फुटपाथ पर लाइट के शो लैंप लगाए गए हैं, जो तालाब की सुंदरता को तो बढ़ाते हैं साथ ही पर्यटकों को तालाब किनारे पैदल चलने में रोशनी भी प्रदान करते हैं,लेकिन पुरातत्व विभाग की लापरवाही के चलते ये लाइटें बंद ही रहती हैं। कई बार विभागीय जिम्मेदारों के संज्ञान में दिलाई भी गई लेकिन इनकी कार्यप्रणाली पर कोई अंतर नहीं पड़ा हद तो तब हो गई जब खजुराहो में 8 और 9 दिसंबर में प्रदेश सरकार की कैबिनेट बैठक भी हुई इस दौरान शासन के सभी विभागों ने अपने संस्थानों की रंगाई पुताई करके लाइटें दुरुस्त कर दी, लेकिन पुरातत्व विभाग की ये लाइटें चालू नहीं हुई। गौरतलब है कि इसी तालाब के पानी में मगरमच्छ भी है जो लगातार टापू और घाटों पर रोजाना देखा जा रहा है, अब देखना है कि विभाग हरकत में आता भी है या नहीं।










