छतरपुर। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को खजुराहो के महाराजा छत्रसाल कन्वेंशन सेंटर में हुई मंत्रि-परिषद की बैठक में बुंदेलखंड के औद्योगिक विकास और रोजगार संपन्न बनाने, सिंचाई सुविधाओं के विस्तार, सड़कों के निर्माण सहित नौरादेही अभ्यारण्य में चीता के रहवास के लिए विकास कार्यों को स्वीकृति जैसे अनेक ऐतिहासिक निर्णय लिए गये। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का मंत्रि-परिषद के सदस्यों ने बुंदेलखंड के विकास पर केंद्रित विकास के महत्वपूर्ण निर्णय लिए जाने पर करतल ध्वनि से स्वागत किया गया। बैठक में छतरपुर मेडिकल कालेज में पदों की स्वीकृति सहित शासकीय चिकित्सालयों के उन्नयन और नवीन पदों के सृजन को भी स्वीकृति दी गई।मंत्रि-परिषद ने बुंदेलखंड क्षेत्र में औद्योगिक विकास को गति देने के उद्देश्य से सागर के औद्योगिक क्षेत्र मसवासी ग्रंट के लिए एक विशेष औद्योगिक प्रोत्साहन पैकेज को मंजूरी दी। निवेशकों को प्रोत्साहित करने के लिए स्टाम्प और पंजीयन शुल्क में 100 प्रतिशत प्रतिपूर्ति की स्वीकृति दी गई है। साथ ही, इकाइयों को वाणिज्यिक उत्पादन शुरू होने की तारीख से पांच वर्षों तक विद्युत शुल्क में छूट दी गई है। यह विशेष पैकेज आगामी पांच वर्षों के लिए प्रभावशील रहेगा। मंत्रि-परिषद द्वारा नवीन शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय छतरपुर के संचालन के लिए 330 नियमित और 205 आउटसोर्स पदों की स्वीकृति दी गई है। मंत्रि-परिषद द्वारा 15वें वित्त आयोग की अनुशंसानुसार प्रदेश में अग्निशमन सेवाओं के विस्तार और आधुनिकीकरण के लिए 397 करोड़ 54 लाख रुपये की कार्ययोजना की स्वीकृति प्रदान की गई। कार्ययोजना की वित्तीय लागत में 75 प्रतिशत केंद्रांश राशि 297 करोड़ 15 लाख रुपये और 25 प्रतिशत राज्यांश राशि 100 करोड़ 38 लाख 50 हजार रुपये होगा। मंत्रि-परिषद की बैठक वंदे-मातरम् गान के साथ प्रारंभ हुई।










